बीकानेर में 11 दिवसीय पंच पावन कथा महोत्सव, एक छत के नीचे होगा पांच कथाओं का वाचन
बीकानेर. धर्मनगरी बीकानेर में पहली बार एक ही छत के नीचे पांच अलग-अलग धार्मिक कथाओं का वाचन होगा। सेवन स्टार फाउंडेशन एवं सनातन मित्रमंडल के तत्वावधान में ओझा सत्संग भवन-2 में 11 दिवसीय पंच पावन कथा महोत्सव आयोजित किया जाएगा। महोत्सव में धार्मिक कथाओं के साथ वृंदावन की ब्रज मंडली द्वारा भव्य रासलीला का मंचन भी किया जाएगा। मंगलवार को बाहेती भवन में कथा महोत्सव के पोस्टर का विमोचन पंडित जुगल किशोर ओझा पुजारी बाबा, व्यवसायी जगतनारायण कल्ला, कन्हैयालाल जोशी और राजेश चूरा ने किया।
आयोजन से जुड़े सीए महेंद्र चूरा ने बताया कि 22 से 31 दिसंबर तक प्रतिदिन दोपहर 12:15 से शाम 5:15 बजे तक अलग-अलग कथाओं का वाचन होगा। वहीं, 23 से 30 दिसंबर तक शाम 7 से रात 10 बजे तक वृंदावन की ब्रज मंडली रासलीला की मनमोहक प्रस्तुतियां देगी।
पांच कथाओं का होगा वाचन
महोत्सव के दौरान पांच धार्मिक कथाओं का आयोजन निर्धारित तिथियों के अनुसार होगा। 22 और 23 दिसंबर को पंडित श्रीगोपाल नारायण व्यास श्रीमद् देवी भागवत कथा का वाचन करेंगे। 24 और 25 दिसंबर को पंडित आशाराम व्यास के श्रीमुख से शिव महापुराण कथा होगी।
इसी क्रम में 26 और 27 दिसंबर को पंडित संजय व्यास श्रीराम कथा सुनाएंगे। 28 और 29 दिसंबर को कोलकाता के पंडित लक्ष्मीकांत व्यास श्री बाबा रामदेव चरित कथा का वाचन करेंगे। वहीं, 30 और 31 दिसंबर को पंडित मुरली मनोहर व्यास श्रीमद् भागवत कथा का वाचन करेंगे।
कलश यात्रा से होगा महोत्सव का आगाज
पंच पावन कथा महोत्सव की शुरुआत कलश यात्रा के साथ होगी। कलश यात्रा दम्माणी चौक स्थित बड़ा गोपाल मंदिर से रवाना होकर मूंदड़ा चौक, हर्षों का चौक, रत्ताणी व्यासों का चौक, सदाफते, बारह गुवाड़ और नत्थूसर गेट होते हुए ओझा सत्संग भवन पहुंचेगी। मार्ग में विभिन्न स्थानों पर कलश यात्रा का स्वागत किया जाएगा।
कलश यात्रा के बाद शाम 6 बजे बीकानेर मानस परिवार की ओर से संगीतमय सुंदरकांड पाठ का आयोजन होगा। इसकी पूर्णाहुति पर पूनरासर हनुमान मंदिर परिवार की ओर से महाआरती की जाएगी।
साधु-संतों का मिलेगा सानिध्य
कथा महोत्सव में देश के विभिन्न धार्मिक स्थलों से जुड़े साधु-संतों का सानिध्य भी प्राप्त होगा। इनमें काशी करपात्री धाम के अधिष्ठाता सर्वेश्वरानंद महाराज, सागर आश्रम बीकानेर के अधिष्ठाता श्रीधरानंद सरस्वती महाराज, श्री नवलेश्वर मठ के अधिष्ठाता शिव सत्यनाथ महाराज, राष्ट्रीय संत सरजूदास महाराज, शिवबाड़ी मंदिर के अधिष्ठाता विमर्शानंद महाराज, गायत्री पीठ सागर के अधिष्ठाता रामेश्वरानंद महाराज, मुरली मनोहर धोरा के श्यामसुंदर महाराज और बाल संत छैल बिहारी महाराज सहित अन्य संत शामिल होंगे।
महोत्सव की पूर्णाहुति के अवसर पर 31 दिसंबर को महाप्रसादी का आयोजन किया जाएगा।
पोस्टर विमोचन में ये रहे मौजूद
पोस्टर विमोचन कार्यक्रम में दाऊलाल व्यास, बृजराज जोशी, बुलाकीदास व्यास, गोविंदनारायण चूरा, श्यामसुंदर व्यास, महीधर नारायण पुरोहित, कमल, कुनाल डागा, निर्मल कुमार दम्माणी, देवकिशन चांडक, गोरधन बिन्नाणी, पंडित सुशील किराडू, पंडित अशोक किराडू, राजेंद्र किराडू, राधेश्याम सोनी, विनोद सोनी, घनश्याम सोनी, नंदकिशोर चांडक, हरगोपाल पुरोहित, कमल नारायण पुरोहित, हरिनारायण चूरा, सुरेंद्र कुमार चूरा, कैलाश राठी, रामकुमार अग्रवाल, अशोक आचार्य, नरेश पुरोहित, अशोक बिस्सा, भंवर उपाध्याय, वीरेंद्र किराडू, गोविंद व्यास, इंद्र जोशी, महावीर सांखला, संतोष पुरोहित, राजेंद्र व्यास, श्रीकांत व्यास, राजकुमार व्यास और बालकिशन व्यास सहित अनेक लोग मौजूद रहे।

