करियर की तैयारी के बीच सेहत का पाठ, 75 छात्राओं ने सीखी स्तन स्वपरीक्षण की विधि
Bikaner News

करियर की तैयारी के बीच सेहत का पाठ, 75 छात्राओं ने सीखी स्तन स्वपरीक्षण की विधि

Oct 19, 2026

बीकानेर. प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में जुटी छात्राओं के लिए सोमवार को आरम्भ क्लासेज में आयोजित कक्षा कुछ खास रही। यहां किताबों और करियर की चर्चा के बीच छात्राओं को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया। स्नेहलता व्यास मेमोरियल ट्रस्ट की ओर से स्वर्गीय स्नेहलता व्यास की स्मृति में आयोजित स्तन एवं सर्वाइकल कैंसर जागरूकता सत्र में करीब 70 से 75 छात्राओं ने भाग लिया। इस दौरान छात्राओं को स्तन स्वपरीक्षण की विधि के बारे में जानकारी दी गई।

 

 

ओल्ड सिटी और नया शहर क्षेत्र स्थित आरम्भ क्लासेज में आयोजित इस सत्र में आचार्य तुलसी कैंसर अस्पताल एवं अनुसंधान केंद्र, पीबीएम अस्पताल के कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ. पंकज टांटिया ने ऑडियो-वीडियो प्रस्तुतियों के माध्यम से छात्राओं को स्तन एवं सर्वाइकल कैंसर से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। उन्होंने सहज भाषा में स्वास्थ्य संबंधी विषयों को समझाया, जिससे छात्राओं को गंभीर विषय की बारीकियां समझने का अवसर मिला।

 

 

स्वपरीक्षण की विधि समझाई

कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को बताया गया कि स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहना और शरीर में होने वाले असामान्य बदलावों पर ध्यान देना कितना जरूरी है। दृश्य-श्रव्य माध्यम से स्तन स्वपरीक्षण की प्रक्रिया समझाई गई। इस पहल का उद्देश्य छात्राओं को स्वास्थ्य के प्रति सजग बनाना और कैंसर से संबंधित जागरूकता बढ़ाना रहा।

 

 

बड़े भाई की तरह समझाया स्वास्थ्य का महत्व

जीके गुरु अमित सोनी ने कहा कि डॉ. पंकज टांटिया ने बड़े भाई की तरह अपनत्व के साथ इतने गंभीर विषय को समझाया। उनकी सहज भाषा और समझाने के आत्मीय अंदाज ने सत्र को छात्राओं के लिए उपयोगी बनाया।

 

 

 

आरम्भ क्लासेज के निदेशक विमल स्वामी ने कहा कि शिक्षा के साथ स्वास्थ्य जागरूकता को जोड़ना समय की जरूरत है। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही छात्राओं को पढ़ाई के साथ अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग बनाना भी शिक्षण संस्थानों की जिम्मेदारी है।

 

 

स्नेहलता व्यास की स्मृति में पहल

ट्रस्ट के संरक्षक किशन व्यास ने कहा कि स्वर्गीय स्नेहलता व्यास की स्मृति में बेटियों तक स्वास्थ्य संबंधी उपयोगी जानकारी पहुंचाना सेवा का सार्थक माध्यम है। ऐसी पहलों की सफलता तभी है, जब छात्राएं प्राप्त जानकारी को अपने जीवन में अपनाएं और परिवार में भी स्वास्थ्य जागरूकता बढ़ाएं।

 

 

ट्रस्ट के सचिव विनय थानवी ने कहा कि दुर्गाष्टमी पर बेटियों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने का यह आयोजन शक्ति के सम्मान को व्यावहारिक रूप देता है।

 

 

कार्यक्रम में छात्राओं की उत्साहपूर्ण भागीदारी रही। आयोजकों ने कहा कि सही जानकारी और सहज संवाद के माध्यम से गंभीर स्वास्थ्य विषयों के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सकती है।

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