हॉस्टल फीस विवाद पर वेटरनरी यूनिवर्सिटी के छात्रों का प्रदर्शन, मेन गेट पर दिया धरना
बीकानेर. राजस्थान पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय में हॉस्टल फीस विवाद को लेकर शनिवार को छात्रों ने विरोध प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने विश्वविद्यालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर धरना देकर अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया। इस दौरान विश्वविद्यालय प्रशासन और छात्रों के बीच वार्ता भी हुई।
वीएचसी पीजी छात्र डॉ. रोहित पचार ने बताया कि विश्वविद्यालय में फैकल्टी की कमी के चलते कुछ लोगों को अनुबंध पर कार्य करने के लिए लगाया गया था। छात्रों का आरोप है कि हॉस्टल फीस उन्हीं व्यक्तियों के माध्यम से जमा करवाई गई और अधिकांश विद्यार्थियों ने ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के जरिए फीस का भुगतान किया। अब डिग्री पूरी होने पर ‘नो ड्यूज’ जारी करने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों से दोबारा फीस जमा कराने या नकद जमा की रसीद प्रस्तुत करने की मांग कर रहा है।
छात्रों का कहना है कि उनके पास ऑनलाइन भुगतान के सभी प्रमाण मौजूद हैं, लेकिन प्रशासन संबंधित व्यक्ति को अधिकृत नहीं मानते हुए उन ट्रांजेक्शनों को स्वीकार नहीं कर रहा। विद्यार्थियों ने आरोप लगाया कि संबंधित व्यक्ति लंबे समय तक हॉस्टल से जुड़े कार्य करता रहा और सरकारी दस्तावेजों पर भी हस्ताक्षर करता था। छात्रों ने इस पूरे मामले में 15 से 20 लाख रुपये के कथित वित्तीय अनियमितता की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना है कि इस मामले की जांच मार्च 2026 से चल रही है, लेकिन अब तक जांच रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की गई है। उन्होंने मांग की कि जिन छात्रों ने ऑनलाइन फीस जमा की है, उनसे दोबारा राशि नहीं वसूली जाए और उनकी फीस को मान्य माना जाए। साथ ही भविष्य में हॉस्टल फीस की प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन करने की भी मांग उठाई।

