इस देश में लगी नेशनल इमरजेंसी, अब गधों के सहारे बचाने की कोशिश
Bikaner News

इस देश में लगी नेशनल इमरजेंसी, अब गधों के सहारे बचाने की कोशिश

Jul 25, 2026

नई दिल्ली. यूरोप इन दिनों भीषण गर्मी और विनाशकारी जंगल की आग की चपेट में है। सबसे गंभीर स्थिति स्पेन में बनी हुई है, जहां राजधानी मैड्रिड के पश्चिमी क्षेत्रों और एविला प्रांत में फैली आग ने सरकार को इतिहास में पहली बार केवल वाइल्डफायर के कारण राष्ट्रीय आपातकाल घोषित करने पर मजबूर कर दिया है।

 

 

 

आग इतनी तेजी से फैली कि 10 हजार से अधिक लोगों को अपने घर छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा। स्पेन सरकार ने आग पर काबू पाने के लिए 270 से ज्यादा आपातकालीन कर्मियों, दर्जनों दमकल वाहनों और सैन्य इमरजेंसी यूनिट को तैनात किया है। कई इलाकों में हेलिकॉप्टरों से लगातार पानी की बौछार की जा रही है, लेकिन भीषण गर्मी, सूखी हवाएं और लंबे समय से पड़े सूखे के कारण राहत कार्य बेहद चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं।

 

 

 

इस बार आग बुझाने की रणनीति में एक अनोखा और पर्यावरण अनुकूल तरीका भी अपनाया जा रहा है। स्पेन के कई जंगलों में गधों को छोड़ा जा रहा है, ताकि वे सूखी घास, झाड़ियों और छोटी वनस्पतियों को चरकर साफ कर दें। विशेषज्ञों के अनुसार यही सूखी वनस्पति जंगल की आग के लिए सबसे बड़ा ईंधन होती है। यदि इसे पहले ही हटा दिया जाए तो आग के तेजी से फैलने की संभावना काफी कम हो जाती है। इस प्राकृतिक उपाय को आधुनिक अग्निशमन तकनीकों के साथ जोड़कर इस्तेमाल किया जा रहा है

 

 

 

आग के कारण कई गांवों को खाली कराना पड़ा है। घने धुएं और ऊंची लपटों के चलते कई सड़कें बंद कर दी गई हैं और हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने पहले कभी इतनी भयावह आग नहीं देखी।

 

 

 

स्पेन के अलावा फ्रांस भी जंगल की आग से जूझ रहा है। अटलांटिक तट पर स्थित लोकप्रिय पर्यटन क्षेत्र कैप फेरे में लगी आग के चलते करीब 40 हजार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। कई लोगों को नावों के जरिए निकाला गया। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने यूरोपीय संघ से सहायता मांगी है और बताया कि अन्य यूरोपीय देशों से विशेष अग्निशमन विमान जल्द राहत अभियान में शामिल होंगे।

 

 

 

यूरोप में लगातार बढ़ता तापमान, लंबे समय तक पड़ने वाला सूखा और तेज हवाएं जंगल की आग को पहले से अधिक खतरनाक बना रही हैं। यूरोपीय वन अग्नि सूचना सेवा के अनुसार, इस वर्ष अब तक केवल स्पेन में 350 से अधिक जंगलों में आग लग चुकी है और पिछले वर्षों की तुलना में कहीं अधिक क्षेत्र इसकी चपेट में आ चुका है। यह स्थिति जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभावों की गंभीर चेतावनी भी मानी जा रही है।